विश्वकर्मा मन्दिर नरियावां ने बनाया रिकॉर्ड, 88 दिनों में शिलान्यास से लेकर मूर्ति स्थापना कर रचा इतिहास

प्रतापगढ़। जनपद के कुण्डा क्षेत्र अंतर्गत प्राचीन विश्वकर्मा मंदिर नरियावां का शिलान्यास सन 1975 में स्व0 साधू विश्वकर्मा के द्वारा किया गया था। मन्दिर की स्थापना सन 1985 में स्व0 केदारनाथ विश्वकर्मा डीहबलई एवं श्यामलाल विश्वकर्मा के कुशल नेतृत्व में सम्पन्न हुई थी। मन्दिर पूरी तरह जीर्ण अवस्था में पहुंच चुका था जिसका जीर्णोद्धार आवश्यक हो गया था। बीते वर्ष 28 अक्टूबर को एक बैठक में मंदिर के पुनर्निर्माण का निर्णय लिया गया था।


प्राचीन विश्वकर्मा मन्दिर का पुनर्निर्माण कार्य 11 नवम्बर 2019 से प्रारम्भ होकर 06 फरवरी 2020 को पूर्ण हुआ। मन्दिर निर्माण कार्य गिरीश विश्वकर्मा (मंदिर अध्यक्ष नरियावां) के कुशल नेतृत्व में जटाशंकर विश्वकर्मा (मंत्री) व शिवाकांत विश्वकर्मा (व्यवस्थापक) की देखरेख में पूर्ण हुआ। माघ शुक्ल त्रयोदशी भगवान विश्वकर्मा के प्राकट्य दिवस पर पं0 श्यामसुंदर शास्त्री (प्रयागराज) एवं आचार्य हरिओम शास्त्री द्वारा वैदिक मंत्रोच्चारण के बीच भगवान विश्वकर्मा के मूर्ति की प्राण प्रतिष्ठा सम्पन्न हुई।


इस समारोह में प्रदेश के विभिन्न जनपदों से समाज के वरिष्ठ समाजसेवी, शिक्षाविद, उद्योगपति, जन प्रतिनिधि शामिल हुए। जिसमें कौशांबी के जिलाधिकारी मनीष वर्मा के पिता मोहन प्रसाद वर्मा, न्यू स्टैंडर्ड ग्रुप आफ इंस्टीट्यूट रायबरेली के संस्थापक/प्रबंधक शशिकांत शर्मा, अखिल भारतीय विश्वकर्मा शिल्पकार महासभा के राष्ट्रीय महासचिव राजेश विश्वक (जौनपुर), विश्वकर्मा महासभा के प्रदेश अध्यक्ष तथा नमामि गंगे (भाजपा) के संयोजक महेन्द्र विश्वकर्मा, विश्वकर्मा ब्रिगेड उत्तर प्रदेश के प्रभारी चंदन विश्वकर्मा (गोरखपुर), वरिष्ठ समाजसेवी आदरणीय वेदप्रकाश शर्मा (दिल्ली), सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी उत्तर प्रदेश के प्रदेश महासचिव चंदन विश्वकर्मा (वाराणसी), मौलिक अधिकार पार्टी के उपाध्यक्ष बृजेश विश्वकर्मा (वाराणसी), अभाविशिम प्रदेश सचिव महेन्द्र विश्वकर्मा (प्रयागराज), क्षेत्रीय विधायक विनोद सरोज (प्रदेश अध्यक्ष जनसत्ता दल लोकतांत्रिक पार्टी, उत्तर प्रदेश), हरिओम मिश्र (जिलाध्यक्ष भारतीय जनता पार्टी, प्रतापगढ़), बबलू शुक्ल (जिला पंचायत सदस्य), डा0 एस0पी0 विश्वकर्मा (एसोसिएट प्रोफेसर, कुलभाष्कर आश्रम पी0जी0 कालेज, प्रयागराज), डा0 अमिय कुमार विश्वकर्मा (एसोसिएट प्रोफेसर पं0 दीनदयाल उपाध्याय राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय, सैदाबाद, प्रयागराज), डा0 सुनील विश्वकर्मा (असिस्टेंट प्रोफेसर महामाया राजकीय महाविद्यालय, धनुपुर, हंडिया, प्रयागराज), कुलदीप विश्वकर्मा पत्रकार/अध्यक्ष भारतीय राष्ट्रीय पत्रकार महासंघ, विश्वकर्मा डेवलपमेंट सोसाइटी दिल्ली के उपाध्यक्ष रामविशाल विश्वकर्मा (दिल्ली), सलाहकार शिवप्रसाद विश्वकर्मा (अक्षरधाम मंदिर दिल्ली), विश्वकर्मा विकास एवं सुरक्षा समिति के संस्थापक/कार्यकारी अध्यक्ष आचार्य आशुतोष विश्वकर्मा, उपाध्यक्ष सरयूप्रसाद (दिल्ली), कोषाध्यक्ष राम बाबू विश्वकर्मा (दिल्ली), प्रदेश अध्यक्ष वेदप्रकाश शर्मा राजू (कानपुर), इं0 राकेश शर्मा कानपुर, संजय वर्मा कौशांबी, रोहित अंशुमान शर्मा सिराथू, राजू विश्वकर्मा प्रयागराज, आकाश राजेश विश्वकर्मा प्रयागराज, अजय विश्वकर्मा (वरिष्ठ समाजसेवी,भाजपा नेता जौनपुर), दीपक आर विश्वकर्मा (समाज सेवी पूर्वांचल), बृजेश विश्वकर्मा (सपा), सूर्यप्रकाश विश्वकर्मा (सोनू विश्वकर्मा) दिलीपपुर प्रतापगढ़ पूर्व जिला पंचायत प्रत्याशी, कमलेश विश्वकर्मा जिला प्रभारी बसपा प्रतापगढ़, महरानी दीन विश्वकर्मा वरिष्ठ समाजसेवी, डा0 राजेश विश्वकर्मा, संतोष विश्वकर्मा, ओमप्रकाश विश्वकर्मा, सुभाषचन्द्र विश्वकर्मा, दिनेश विश्वकर्मा, रवि विश्वकर्मा, रीतेश विश्वकर्मा, बनवारी लाल, अशोक विश्वकर्मा, राजेश विश्वकर्मा भाजपा नेता, राजेश विश्वकर्मा हरखपुर मांधाता, बाबूलाल विश्वकर्मा, रामचन्द्र विश्वकर्मा, विजयकांत विश्वकर्मा, राजकुमार विश्वकर्मा जिलाध्यक्ष, पवन विश्वकर्मा, कुंवर बबलू विश्वकर्मा, संजय विश्वकर्मा एस0वी0 न्यूज सहित हजारों की संख्या में लोग उपस्थित रहे।


कार्यक्रम में पधारे मोहन प्रसाद वर्मा ने सभी विश्वकर्मा वंशजों (मनु, मय, त्वष्टा, शिल्पी और दैवज्ञ) से एकजुटता की अपील की।गायकी की दुनिया के बेताज बादशाह वेदप्रकाश शर्मा ने अपने भजनों से उपस्थित जनसमूह को मंत्रमुग्ध कर दिया। न्यू स्टैंडर्ड ग्रुप आफ इंस्टीट्यूट रायबरेली के संस्थापक/प्रबंधक शशिकांत शर्मा ने शिक्षा पर बल दिया तथा समाज को शिक्षा के महत्व को बताया। श्री शर्मा ने मंदिर के शेष कार्य का इस्टीमेट मांगा तथा उसे पूर्ण कराने का आश्वासन दिया। श्री शर्मा के इस आश्वासन पर विश्वकर्मा मंदिर समिति ने आभार प्रकट किया। शेरे पूर्वांचल चंदन विश्वकर्मा ने कहा कि समाज राजनीति के क्षेत्र में जागरूक हो तथा अपने अधिकारों के लिए लड़ना सीखे।


लखनऊ से पधारे नमामि गंगे संयोजक महेन्द्र विश्वकर्मा ने समाज को संबोधित करते हुए बहुत ही शानदार विचार रखे तथा मंदिर कमेटी को 51000/ का चेक प्रदान किया। मंदिर कमेटी ने उनका भी आभार प्रकट किया।


कार्यक्रम की अध्यक्षता विश्वकर्मा विकास परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्यामलाल विश्वकर्मा, कुण्डा (संरक्षक विश्वकर्मा मंदिर समिति नरियावां) ने किया। मंच का कुशल संचालन सुनील दत्त विश्वकर्मा तथा सरयू प्रसाद विश्वकर्मा ने संयुक्त रूप से किया।
अंत में विश्वकर्मा मंदिर समिति नरियावां अध्यक्ष गिरीश विश्वकर्मा ने आए हुए सभी अतिथियों का आभार प्रकट किया।

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